आयुर्वेद संस्कृत के दो शब्दों “आयु” (जीवन) और “वेद” (ज्ञान/विज्ञान) से मिलकर बना है, जिसका अर्थ है “जीवन का विज्ञान”। यह प्राचीन भारतीय चिकित्सा पद्धति है, जो न केवल रोगों के उपचार पर बल देती है बल्कि स्वस्थ जीवन शैली, रोग प्रतिरोधक क्षमता और दीर्घायु पर भी बराबर ध्यान देती है।
Thank you for reading this post, don't forget to subscribe!आयुर्वेद की उत्पत्ति करीब 5000 वर्ष पहले हुई मानी जाती है और यह विश्व की सबसे पुरानी और समग्र स्वास्थ्य प्रणालियों में से एक है।
आयुर्वेद का मूल लक्ष्य
आयुर्वेद का मुख्य उद्देश्य है:
✔ रोगों का निवारण
✔ आयु बढ़ाना
✔ शरीर, मन और आत्मा के बीच संतुलन बनाए रखना
यह शरीर के तीन मुख्य दोषों — वात, पित्त, कफ — के संतुलन पर आधारित है। जब ये दोष संतुलित रहते हैं, तब व्यक्ति स्वस्थ रहता है; असंतुलन होने पर रोग उत्पन्न होते हैं।





